शोर का विरोध करना पड़ा भारी, मणिपुरी संगीतकार की पीट-पीटकर हत्या

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डेस्क : दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के किलोकरी गांव में शोर-शराबे का विरोध करना एक मणिपुरी संगीतकार को भारी पड़ गया। 54 वर्षीय संगीतकार और संगीत शिक्षक चोंगथम विक्रम सिंह की कथित तौर पर कुछ लोगों ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। घटना रविवार देर रात की बताई जा रही है। पुलिस ने मामले में सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक नाबालिग को भी हिरासत में लिया गया है।

पुलिस के अनुसार, विक्रम सिंह किलोकरी गांव में अपने परिवार के साथ रहते थे। रविवार रात करीब साढ़े 11 बजे वह कूड़ा फेंकने के लिए घर से नीचे आए थे। इसी दौरान उन्होंने घर के पास कुछ लोगों को शोर-शराबा करते देखा। उन्होंने शोर कम करने के लिए कहा, जिसके बाद विवाद शुरू हो गया।

आरोप है कि विवाद के बाद कुछ लोगों ने सिंह का पीछा किया और उन्हें इमारत की तीसरी मंजिल तक जाने के बाद कॉरिडोर में घेर लिया। वहां उनके साथ कथित तौर पर जमकर मारपीट की गई। हमलावरों के फरार होने के बाद परिवार ने उन्हें अस्पताल पहुंचाया।

पुलिस को सोमवार तड़के करीब 1:38 बजे घटना की सूचना मिली। विक्रम सिंह को ओखला स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान सुबह करीब सात बजे उनकी मौत हो गई।

सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों की पहचान

जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में करीब आठ लोग इमारत से नीचे जाते हुए दिखाई दिए। तकनीकी निगरानी और स्थानीय स्तर पर मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान की और सात लोगों को गिरफ्तार कर लिया। एक 15 वर्षीय किशोर को भी पकड़ा गया है।

पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में कुछ लोग आसपास के ढाबों में डिलीवरी और पैकेजिंग का काम करते थे, जबकि एक आरोपी पिज्जा कियोस्क में काम करता था। पुलिस घटना के पीछे के पूरे विवाद और सभी आरोपियों की भूमिका की जांच कर रही है।

17 वर्षों से दिल्ली में दे रहे थे संगीत की शिक्षा

चोंगथम विक्रम सिंह मणिपुर से ताल्लुक रखते थे और गिटारवादक तथा संगीत शिक्षक के रूप में अपनी पहचान बना चुके थे। वह करीब 17 वर्षों से दिल्ली में रहकर लोगों को संगीत की शिक्षा दे रहे थे। उनकी मौत की खबर से दिल्ली में रह रहे मणिपुरी और पूर्वोत्तर समुदाय के लोगों में शोक और आक्रोश है।

घटना के विरोध में सोमवार शाम किलोकरी गांव में करीब 100 लोगों ने कैंडल मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की।

पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। मामले की जांच जारी है।