नई दिल्ली : श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (एसआरसीसी) अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने के अवसर पर शताब्दी समारोह मना रहा है। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संस्थान के कार्यक्रम को संबोधित किया और एसआरसीसी की गौरवशाली यात्रा को याद किया। उन्होंने कहा कि किसी संस्थान का 100 साल पूरा करना अपने आप में ऐतिहासिक उपलब्धि है। इतने लंबे सफर में संस्थान उपलब्धियों और प्रेरणाओं का महासागर बन जाता है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि एसआरसीसी ने अपनी 100 वर्षों की यात्रा में कई पीढ़ियों को बेहतर भविष्य से जोड़ने का काम किया है। उन्होंने कॉलेज के शुरुआती दौर का उल्लेख करते हुए कहा कि एसआरसीसी की यात्रा दिल्ली के दरियागंज स्थित एक छोटे से स्थान से शुरू हुई थी। आज यह संस्थान एक विशाल वृक्ष का रूप ले चुका है, जिसने अनेक पीढ़ियों को शिक्षा और अवसरों की छांव दी है।
‘एसआरसीसी के लोग हर तरफ धूम मचा रहे’
प्रधानमंत्री ने एसआरसीसी के पूर्व छात्रों की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि यहां से पढ़कर निकले लोग देश और दुनिया में अपनी अलग पहचान बना रहे हैं। उन्होंने युवाओं से जुड़ते हुए कहा कि आज की जेन जी की भाषा में कहें तो एसआरसीसी में पढ़ने वाले लोग अपने समय के ‘ओजी’ यानी ओरिजिनल रहे हैं।
आतंकवाद पर पाकिस्तान को सख्त संदेश
अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने आतंकवाद और पाकिस्तान का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि भारत अब आतंकवाद के खिलाफ सख्त नीति के साथ आगे बढ़ रहा है। अगर पाकिस्तान नापाक हरकत करता है तो भारतीय सेना सीमा पार जाकर भी करारा जवाब देने में सक्षम है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत की ताकत और सुरक्षा नीति में बड़ा बदलाव आया है। देश अब आतंकवाद को बर्दाश्त करने के बजाय उसका मुंहतोड़ जवाब देता है।
उन्होंने एसआरसीसी के शताब्दी समारोह को संस्थान की उपलब्धियों के साथ-साथ देश की युवा शक्ति और भविष्य की संभावनाओं से जोड़ते हुए छात्रों से राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का आह्वान किया।








