डेस्क : उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के बीच बयानबाजी तेज होती नजर आ रही है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के इटावा और सैफई में राजनीतिक कार्यक्रम को लेकर दिए गए बयान पर सपा के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता इटावा और सैफई आएं, उन्हें आने से कोई नहीं रोक रहा, लेकिन यहां उन्हें एक भी वोट नहीं मिलेगा।
दरअसल, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने हाल ही में रायबरेली से पीडीए रथ यात्रा की शुरुआत की थी। इसके बाद कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने कहा था कि यदि अखिलेश यादव रायबरेली और अमेठी जा सकते हैं तो कांग्रेस के नेता भी कन्नौज, इटावा और सैफई जा सकते हैं। इसी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवपाल यादव ने कांग्रेस को लेकर अपनी स्थिति स्पष्ट की।
जसवंतनगर में बातचीत के दौरान शिवपाल यादव ने कहा कि कांग्रेस नेता इटावा और सैफई आ सकते हैं, लेकिन जसवंतनगर और सैफई में कांग्रेस को वोट नहीं मिलेगा। उन्होंने अपने विधानसभा क्षेत्र जसवंतनगर का उल्लेख करते हुए चुनाव में अपनी स्थिति को लेकर भी दावा किया।
जसवंतनगर में सपा का मजबूत आधार
जसवंतनगर विधानसभा क्षेत्र समाजवादी पार्टी और यादव परिवार की राजनीति का प्रमुख केंद्र रहा है। शिवपाल यादव लंबे समय से इस सीट का प्रतिनिधित्व करते आ रहे हैं। वहीं, कांग्रेस का इस क्षेत्र में चुनावी प्रभाव सीमित रहा है। वर्ष 2017 और 2022 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने जसवंतनगर से अपना उम्मीदवार भी नहीं उतारा था।
शिवपाल यादव के बयान के बाद 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सपा-कांग्रेस के बीच स्थानीय स्तर पर राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। दोनों दल राष्ट्रीय स्तर पर विपक्षी गठबंधन का हिस्सा रहे हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश में सीटों के बंटवारे और चुनावी रणनीति को लेकर नेताओं के अलग-अलग बयान सामने आते रहे हैं।
अखिलेश यादव की ओर से भी गठबंधन और सीटों को लेकर कहा जा चुका है कि चुनावी तालमेल के दौरान जीत की संभावनाओं को ध्यान में रखा जाएगा। ऐसे में इटावा और सैफई को लेकर शिवपाल यादव का ताजा बयान दोनों दलों के बीच आगामी चुनावी रणनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।








