पीएम किसान की 24वीं किस्त कब आएगी? दिवाली से पहले भुगतान को लेकर चर्चा तेज

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डेस्क : प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 24वीं किस्त का इंतजार कर रहे देशभर के किसानों की निगाहें अब केंद्र सरकार के अगले ऐलान पर टिकी हैं। किसानों को उम्मीद है कि दिवाली से पहले उनके बैंक खातों में ₹2,000 की अगली किस्त आ सकती है। हालांकि, 20 अक्टूबर 2026 तक सरकार ने किस्त जारी करने की तारीख की आधिकारिक घोषणा नहीं की है। ऐसे में किसानों को फिलहाल इंतजार करना होगा।

जून में जारी हुई थी 23वीं किस्त

पीएम किसान योजना के तहत पात्र किसान परिवारों को सालाना ₹6,000 की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि ₹2,000 की तीन समान किस्तों में सीधे बैंक खातों में भेजी जाती है। सरकार ने 20 जून 2026 को योजना की 23वीं किस्त जारी की थी। अब लाभार्थियों को 24वीं किस्त का इंतजार है।

आमतौर पर योजना की किस्तें चार महीने के अंतराल पर जारी की जाती हैं। इसी आधार पर अक्टूबर में अगली किस्त आने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि, दिवाली से पहले भुगतान होने की संभावना की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

किसानों के लिए क्यों अहम है यह राशि?

रबी फसलों की तैयारी के बीच किसानों के लिए यह आर्थिक सहायता महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बीज, खाद और खेती से जुड़ी अन्य जरूरतों को पूरा करने में ₹2,000 की राशि मददगार हो सकती है। ऐसे में किसान जानना चाहते हैं कि अगली किस्त उनके खाते में कब तक पहुंचेगी।

किस्त पाने के लिए ई-केवाईसी जरूरी

पीएम किसान योजना का लाभ लेने के लिए पात्र किसानों को अपनी ई-केवाईसी पूरी रखनी चाहिए। इसके साथ ही आधार और बैंक खाते से जुड़ी जानकारी तथा भूमि रिकॉर्ड का सत्यापन भी सही होना जरूरी है। दस्तावेजों या विवरणों में गड़बड़ी होने पर भुगतान में परेशानी आ सकती है।

ऐसे चेक करें अपना स्टेटस

किसान घर बैठे पीएम किसान की आधिकारिक वेबसाइट https://pmkisan.gov.in/ पर जाकर अपनी लाभार्थी स्थिति जांच सकते हैं। इसके लिए वेबसाइट पर ‘Know Your Status’ विकल्प चुनें और मांगी गई जानकारी दर्ज करें। इससे पंजीकरण और भुगतान से जुड़ी स्थिति की जानकारी मिल सकती है।

फिलहाल आधिकारिक तारीख का इंतजार: पीएम किसान की 24वीं किस्त दिवाली से पहले जारी होगी या नहीं, इस पर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। किसानों को सलाह है कि वे किसी अपुष्ट तारीख या सोशल मीडिया पर वायरल दावों पर भरोसा करने के बजाय सरकार की आधिकारिक सूचना पर ही विश्वास करें।