यूपी की वोटर लिस्ट पर सियासी घमासान, अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग को घेरा

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डेस्क : उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची को लेकर सियासत तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने प्रदेश की मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों का मुद्दा उठाते हुए चुनाव आयोग से सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने दावा किया कि एक महिला का नाम कई स्थानों पर दर्ज है और ऐसी प्रविष्टियों का चुनाव के दौरान दुरुपयोग होने की आशंका है।

एक महिला के नाम पर कई एंट्री का दावा

अखिलेश यादव ने सोमवार, 19 अक्टूबर को लखनऊ में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि सपा कार्यकर्ता सचिन ने मतदाता सूची की जांच के दौरान फूलमती सूरज नाम की महिला का नाम कई स्थानों पर दर्ज होने की जानकारी दी है। उनके मुताबिक, इस संबंध में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) को सूचना दी गई है।

सपा प्रमुख ने उम्मीद जताई कि संबंधित अधिकारी मामले की जांच कर कथित दोहरी प्रविष्टियों को हटाने की कार्रवाई करेंगे। उन्होंने चुनाव आयोग से भी मतदाता सूची की निगरानी में गंभीरता बरतने की मांग की।

भाजपा पर साधा निशाना, ‘वोट चोरी’ का मुद्दा उठाया

अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची में एक ही व्यक्ति के नाम पर कई प्रविष्टियां होने से चुनावी प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि महिला को शायद अपने एक वोट की ही जानकारी हो, जबकि अन्य प्रविष्टियों का इस्तेमाल भाजपा के पक्ष में किया जा सकता है।

हालांकि, ये आरोप सपा प्रमुख की ओर से लगाए गए हैं। संबंधित प्रविष्टियों की स्वतंत्र पुष्टि या उनके दुरुपयोग का प्रमाण फिलहाल सामने नहीं आया है।

निजी कंपनी की भूमिका पर भी सवाल

सपा अध्यक्ष ने मतदाता सूची के प्रबंधन में निजी कंपनी की कथित भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने चुनावी प्रक्रिया में इस्तेमाल होने वाले सॉफ्टवेयर और मतदाता सूची तैयार करने की व्यवस्था पर चिंता जताई।

अखिलेश यादव ने यह भी स्वीकार किया कि उनके पास उपलब्ध जानकारी गलत हो सकती है। ऐसे में मामले की वास्तविक स्थिति संबंधित अधिकारियों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

2027 के चुनाव से पहले बढ़ सकती है राजनीतिक बहस

उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए मतदाता सूची की शुद्धता और निष्पक्ष चुनाव का मुद्दा राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण हो गया है। सपा पहले भी मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं को लेकर सवाल उठाती रही है।

अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग से यह सुनिश्चित करने की अपील की कि किसी भी मतदाता का नाम गलत तरीके से दर्ज न हो और न ही किसी पात्र मतदाता को मतदान के अधिकार से वंचित होना पड़े।

फिलहाल, इस मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। मतदाता सूची में कथित दोहराव को दूर करने और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए निर्वाचन अधिकारियों की कार्रवाई पर नजर रहेगी।