डेस्क : रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध को समाप्त कराने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अब आर्थिक समझौतों के जरिए रूस पर प्रभाव बनाने की कोशिश में जुटे हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, ट्रंप प्रशासन रूस के साथ तेल और गैस कारोबार को लेकर बड़े समझौते की संभावनाएं तलाश रहा है। इसके तहत रूस में अमेरिकी कंपनियों की वापसी और यूरोप को रूसी तेल की आपूर्ति फिर शुरू करने जैसे प्रस्तावों पर विचार किया जा रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक, प्रस्तावित समझौतों में रूस के सखालिन क्षेत्र में तेल परियोजनाओं को दोबारा शुरू करना और ड्रुजबा पाइपलाइन के जरिए यूरोप तक रूसी तेल पहुंचाना शामिल है। इसके अलावा टाइटेनियम उत्पादन, प्राकृतिक गैस और विमानन क्षेत्र में भी दोनों देशों के बीच सहयोग की संभावनाएं तलाशी जा रही हैं।
इस प्रस्ताव में रूसी कंपनी लुकोइल की अंतरराष्ट्रीय तेल परिसंपत्तियों को खरीदने की संभावनाएं भी शामिल बताई गई हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर ने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ हुई बातचीत में इन कारोबारी प्रस्तावों पर चर्चा की है।
हालांकि, रूस के साथ आर्थिक रिश्ते सामान्य करने की कोशिशों को लेकर यूक्रेन और यूरोपीय देशों में चिंता बनी हुई है। उनका मानना है कि ऐसे समझौतों से रूस को आर्थिक मजबूती मिल सकती है। दूसरी ओर, अमेरिकी प्रशासन इन कारोबारी संभावनाओं को यूक्रेन युद्ध समाप्त कराने के लिए एक महत्वपूर्ण प्रोत्साहन के रूप में देख रहा है।
फिलहाल इन प्रस्तावों पर अंतिम सहमति नहीं बनी है। ऐसे में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या तेल और व्यापार से जुड़े आर्थिक हित रूस को युद्ध समाप्त करने के लिए तैयार कर पाएंगे।









