डेस्क :भारतीय जनता पार्टी से शहजाद पूनावाला के अलग होने की चर्चाओं के बीच अब उनके भाई तहसीन पूनावाला ने साफ कर दिया है कि शहजाद उनके ई-20 पेट्रोल नीति के विरोध में चल रहे आंदोलन का हिस्सा नहीं बनेंगे। तहसीन ने कहा कि दोनों भाइयों के बीच बातचीत नहीं होती और शहजाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थक हैं, इसलिए उनके आंदोलन में शामिल होने का सवाल ही नहीं उठता।
ई-20 पेट्रोल नीति के खिलाफ तहसीन पूनावाला केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की तैयारी कर रहे हैं। इसी बीच शहजाद पूनावाला के भारतीय जनता पार्टी से इस्तीफे और उनके इंटरनेट मीडिया परिचय में बदलाव के बाद यह अटकलें लगने लगी थीं कि क्या वह अपने भाई के साथ ई-20 के विरोध में खड़े होंगे।
‘हमारी बातचीत ही नहीं होती’
तहसीन पूनावाला ने एक बातचीत में शहजाद के आंदोलन में शामिल होने की संभावनाओं को पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों भाइयों के बीच बातचीत नहीं होती। तहसीन के मुताबिक, उन्हें भी शहजाद के इस्तीफे की जानकारी दूसरे माध्यम से मिली।
उन्होंने कहा कि जब दोनों के बीच बातचीत ही नहीं होती तो इस मुद्दे पर साथ आने का सवाल कैसे उठता है। तहसीन ने यह भी कहा कि शहजाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थक हैं और उनके ई-20 विरोधी आंदोलन में शामिल होना ‘नामुमकिन’ है।
ई-20 नीति के खिलाफ तहसीन का विरोध
तहसीन पूनावाला लंबे समय से पेट्रोल में 20 प्रतिशत तक एथेनॉल मिश्रण वाली ई-20 नीति को लेकर सवाल उठाते रहे हैं। उनका कहना है कि पुराने वाहनों के मालिकों की चिंताओं को ध्यान में रखते हुए उन्हें ई-10 जैसे विकल्प भी उपलब्ध रहने चाहिए।
तहसीन ने ई-20 नीति के विरोध में मार्च और भूख हड़ताल का ऐलान किया था। उन्होंने प्रस्तावित मार्च के तहत अकेले पैदल जाने और इसके बाद दिनभर की भूख हड़ताल करने की बात कही थी।
दिल्ली पुलिस पर नजरबंदी का आरोप
तहसीन ने शनिवार को आरोप लगाया कि उनके प्रस्तावित मार्च और भूख हड़ताल से पहले दिल्ली पुलिस ने उन्हें ग्रेटर कैलाश स्थित आवास पर नजरबंद कर दिया। उन्होंने दावा किया कि उन्हें इस संबंध में कोई लिखित आदेश नहीं दिया गया।
तहसीन का कहना है कि वह ई-20 नीति के खिलाफ अपना विरोध जारी रखेंगे। दूसरी ओर, शहजाद पूनावाला के राजनीतिक भविष्य को लेकर चर्चाएं उनके भाजपा से अलग होने की खबरों के बाद तेज हुई हैं। हालांकि, दोनों भाइयों के राजनीतिक रुख और ई-20 नीति पर उनके रुख में स्पष्ट अंतर सामने आया है।








