प्रयागराज : प्रयागराज में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने युवाओं और छात्रों से संवाद किया। इस दौरान उन्होंने देश की युवा शक्ति, रोजगार, पेपर लीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे मुद्दों पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि भारत के युवाओं की ताकत के सामने अमेरिका और चीन की ताकत भी कुछ नहीं है।
राहुल गांधी ने छात्रों से बातचीत करते हुए उनकी समस्याओं को भी सुना। छात्रों ने भर्ती प्रक्रिया और पेपर लीक के बाद पैदा होने वाली परेशानियों के बारे में उन्हें बताया। राहुल गांधी ने रोजगार के मुद्दे पर कहा कि भारत में 1000 युवाओं में से केवल 12 युवाओं को नौकरी मिलती है।
‘आपके डेटा के बिना AI का कोई मतलब नहीं’
कार्यक्रम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि युवाओं के डेटा के बिना एआई का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने कहा कि लोगों के डेटा से एआई बनाया जा सकता है, लेकिन एआई से लोगों का डेटा नहीं बनाया जा सकता।
उन्होंने भारत के डेटा को देश की बड़ी ताकत बताते हुए कहा कि दुनिया में सबसे ज्यादा डेटा भारत के पास है। उनके मुताबिक देश का प्रत्येक युवा नागरिक भारत की शक्ति है।
पेपर लीक और रोजगार पर उठाए सवाल
राहुल गांधी ने छात्रों से बातचीत के दौरान पेपर लीक और भर्ती व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं पर भी बात की। छात्रों ने बताया कि परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ियों के कारण उन्हें किस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि युवाओं का डेटा लेकर बड़ी कंपनियों को बेचा जा रहा है। उन्होंने इस दौरान जियो और अडानी का भी नाम लिया।
छात्रों से सीधा संवाद रहा कार्यक्रम का केंद्र
‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में राहुल गांधी का फोकस छात्रों से सीधे संवाद पर रहा। उन्होंने युवाओं की समस्याएं सुनीं और शिक्षा, रोजगार तथा तकनीक से जुड़े विषयों पर अपनी बात रखी। कार्यक्रम ऐसे समय हुआ है जब देश में प्रतियोगी परीक्षाओं, भर्ती प्रक्रिया और पेपर लीक को लेकर छात्रों के बीच लगातार चिंता बनी हुई है।
राहुल गांधी ने युवाओं को देश की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए कहा कि भारत की वास्तविक शक्ति उसके युवा नागरिकों में है।








