चार्ल्स स्पेंसर ने लिखी बहन राजकुमारी डायना पर किताब, कहा—‘सच सामने लाना चाहता हूं’

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लंदन :  दिवंगत राजकुमारी डायना के भाई चार्ल्स स्पेंसर ने अपनी बहन के जीवन और उनकी असामयिक मृत्यु से जुड़े अपने अनुभवों को किताब के रूप में सामने लाने का फैसला किया है। डायना की मृत्यु की 30वीं बरसी नजदीक आने के बीच स्पेंसर ने कहा कि वह अपनी बहन के बारे में फैली उन धारणाओं को चुनौती देना चाहते हैं, जिन्हें समय के साथ सच मान लिया गया है।

स्पेंसर की किताब ‘Swan Song: Diana, My Sister’ ब्रिटेन समेत कई देशों में 22 सितंबर को प्रकाशित होगी और इसका 12 भाषाओं में अनुवाद किया जाएगा। प्रकाशक पेंगुइन रैंडम हाउस के मुताबिक, यह पहली बार है जब अर्ल स्पेंसर ने अपनी बहन के बारे में इतने विस्तार से और खुलकर बात की है।

स्पेंसर ने कहा कि डायना की 30वीं पुण्यतिथि के मौके पर उन्हें एक बार फिर लगातार इंटरव्यू के अनुरोध मिल रहे थे। इसी ने उन्हें अपनी बहन से जुड़ी यादों और विचारों को हमेशा के लिए लिख देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि डायना को लेकर कई ऐसी राय प्रचलित हो गई हैं, जिनकी बुनियाद असत्य बातों पर है।

उन्होंने कहा, “मैं डायना की ओर से बोलना चाहता हूं और उनके बारे में पूरी तरह सकारात्मक तरीके से बात करना चाहता हूं।”

अंतिम विदाई में किया था दोनों बेटों का वादा

31 अगस्त 1997 को पेरिस में एक सड़क हादसे में डायना की मौत हो गई थी। उनके अंतिम संस्कार के दौरान वेस्टमिंस्टर एबे में चार्ल्स स्पेंसर ने बेहद भावुक श्रद्धांजलि दी थी। उन्होंने डायना के दोनों बेटों, प्रिंस विलियम और प्रिंस हैरी का हमेशा ख्याल रखने का वादा किया था।

तीन दशक बाद भी डायना दुनिया की सबसे चर्चित शख्सियतों में शामिल हैं। उनके दोनों बेटे विलियम और हैरी हालांकि अब एक-दूसरे से दूरी बनाए हुए हैं। वहीं डायना के पूर्व पति किंग चार्ल्स तृतीय अब ब्रिटेन के सम्राट हैं और उन्होंने कैमिला से विवाह किया है।

स्पेंसर ने कहा कि किताब का उद्देश्य डायना के जीवन की सच्चाई को उनके भाई के नजरिए से सामने रखना है। 62 वर्षीय स्पेंसर आज भी प्रिंस विलियम और प्रिंस हैरी के करीब माने जाते हैं।

‘डायना एक अनोखी शख्सियत थीं’

स्पेंसर का कहना है कि वह चाहते हैं कि किताब पढ़ने के बाद पाठकों के मन में डायना की एक ऐसी तस्वीर बने, जो उन्हें सिर्फ शाही परिवार की सदस्य के रूप में नहीं, बल्कि एक बेहद जीवंत और संवेदनशील इंसान के रूप में दिखाए।

उन्होंने डायना को “प्यार, करिश्मा और आत्म-संदेह से भरी एक अनोखी और गतिशील शख्सियत” बताते हुए कहा कि उन्होंने जिंदगी को पूरी शिद्दत से जिया और दुनिया को पहले से बेहतर बनाने में अपना योगदान दिया।

प्रकाशक डेनियल बनयार्ड ने किताब को “ऐतिहासिक महत्व की पुस्तक” बताते हुए कहा कि इसमें 20वीं सदी की सबसे प्रभावशाली और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण शख्सियतों में से एक डायना की कहानी को उनके भाई के दृष्टिकोण से पेश किया गया है।