कोलकाता भगदड़ पर सुवेंदु अधिकारी का बयान, बोले- मानवीय चूक से हुआ हादसा

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डेस्क : पश्चिम बंगाल के कोलकाता स्थित चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में हुई भगदड़ को लेकर मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने इसे मानवीय चूक का मामला बताया है। इस हादसे में 19 लोगों की मौत हो गई थी। घटना के बाद राज्य सरकार ने मामले की जांच शुरू कराई है। मुख्यमंत्री के अनुसार, जांच रिपोर्ट तीन महीने के भीतर आने की उम्मीद है। रिपोर्ट में सामने आने वाले तथ्यों और सुझावों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने पीड़ित परिवारों को हरसंभव सहायता देने का भरोसा दिलाया। साथ ही लोगों से अपील की कि वे इस कठिन समय में प्रभावित परिवारों को भावनात्मक और सामाजिक सहयोग दें।

छह सदस्यीय दल करेगा जांच

राज्य सरकार ने घटना की परिस्थितियों और संभावित चूक की पड़ताल के लिए छह सदस्यीय विशेष जांच दल गठित किया है। इसकी अध्यक्षता कलकत्ता हाईकोर्ट की सेवानिवृत्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति अनिंदिता रॉय सरस्वती कर रही हैं। जांच दल भगदड़ के कारणों, आयोजन स्थल पर सुरक्षा इंतजामों और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्था की समीक्षा करेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा है कि जांच में सामने आने वाली कमियों को दूर करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने जांच रिपोर्ट को सार्वजनिक करने की बात भी कही है, ताकि घटना से जुड़े तथ्यों की जानकारी लोगों तक पहुंच सके।

भीड़ और सुरक्षा व्यवस्था की होगी पड़ताल

चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में 17 अक्टूबर की शाम भगदड़ मची थी। उस समय बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचे थे। बारिश और भीड़ के दबाव के बीच हुए इस हादसे ने धार्मिक आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि भगदड़ किन परिस्थितियों में शुरू हुई और आयोजन स्थल पर प्रवेश तथा निकास की व्यवस्था कितनी प्रभावी थी। पुलिस की कार्रवाई के साथ ही आयोजन से जुड़े लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

अगले वर्ष की पूजा के लिए सुरक्षा पर जोर

हादसे के बाद राज्य सरकार ने आगामी दुर्गा पूजा आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दिया है। मुख्यमंत्री ने 26 अक्टूबर को पूजा समितियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक करने की बात कही है। इसमें भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा इंतजाम और बड़े आयोजनों के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों पर चर्चा की जाएगी।

सरकार का कहना है कि जांच के निष्कर्षों के आधार पर भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे। अब जांच रिपोर्ट का इंतजार है, जिससे हादसे के कारणों और जिम्मेदारी से जुड़े पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।