डेस्क : बिहार में भारतीय जनता पार्टी (BJP) और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के बीच राजनीतिक टकराव एक बार फिर तेज हो गया है। दुर्गा पूजा के दौरान बीजेपी नेता नीरज कुमार शर्मा की सोशल मीडिया पोस्ट ने सियासी विवाद खड़ा कर दिया है। पोस्ट में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को रावण के रूप में दर्शाते हुए उन पर निशाना साधा गया। इसके बाद RJD की ओर से भी जवाब दिया गया, जिससे दोनों दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।
बीजेपी ने तेजस्वी यादव पर साधा निशाना
बीजेपी नेता नीरज कुमार शर्मा ने सोशल मीडिया पर साझा की गई पोस्ट में तेजस्वी यादव को रावण के रूप में दिखाया। तस्वीर में रावण के दस सिर के जरिए तेजस्वी यादव पर राजनीतिक कटाक्ष किया गया। बीजेपी नेता ने रोजगार, भ्रष्टाचार, परिवारवाद और कथित जंगलराज जैसे मुद्दों को लेकर RJD पर निशाना साधा।
पोस्ट में तेजस्वी यादव पर चुनावी वादों और उनके राजनीतिक कार्यकाल को लेकर सवाल उठाए गए। बीजेपी नेता ने नौकरी के बदले जमीन मामले का भी जिक्र करते हुए RJD नेतृत्व पर आरोप लगाए। इस पोस्ट को आगामी राजनीतिक मुकाबले से पहले विपक्ष पर हमला करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।
RJD ने रोजगार के मुद्दे पर दिया जवाब
बीजेपी की पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए RJD प्रवक्ता एजाज अहमद ने तेजस्वी यादव के उपमुख्यमंत्री कार्यकाल का हवाला दिया। उन्होंने दावा किया कि तेजस्वी यादव के कार्यकाल में बिहार में साढ़े पांच लाख नौकरियां दी गईं और शिक्षक बहाली सहित रोजगार के क्षेत्र में कई कदम उठाए गए।
RJD ने बीजेपी के आरोपों को खारिज करते हुए रोजगार और विकास के मुद्दे पर अपनी सरकार के कार्यकाल का बचाव किया। पार्टी की ओर से बीजेपी पर राजनीतिक मुद्दों से ध्यान भटकाने का आरोप भी लगाया गया।
त्योहार के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज
दुर्गा पूजा के दौरान धार्मिक प्रतीकों के जरिए राजनीतिक विरोधियों पर निशाना साधने की इस घटना ने बिहार की सियासत में नई बहस छेड़ दी है। बीजेपी जहां तेजस्वी यादव और RJD को भ्रष्टाचार, परिवारवाद तथा कानून-व्यवस्था के मुद्दों पर घेरने की कोशिश कर रही है, वहीं RJD रोजगार और अपने कार्यकाल की उपलब्धियों को सामने रखकर जवाब दे रही है।
इस घटनाक्रम से स्पष्ट है कि बिहार में BJP और RJD के बीच राजनीतिक संघर्ष लगातार तेज हो रहा है। सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए शुरू हुई यह बहस अब दोनों दलों के आरोप-प्रत्यारोप का नया मुद्दा बन गई है। आने वाले दिनों में इस विवाद पर दोनों पक्षों की ओर से और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आने की संभावना है।









