लखनऊ : उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रोजगार के मुद्दे पर बड़ा चुनावी वादा किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनी तो आउटसोर्सिंग व्यवस्था खत्म की जाएगी और इसके जरिए काम कर रहे कर्मचारियों को स्थायी नौकरी देने की दिशा में कदम उठाया जाएगा। अखिलेश ने यह घोषणा गुरुवार को पार्टी मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत के दौरान की।
रोजगार के मुद्दे पर भाजपा सरकार को घेरा
अखिलेश यादव ने राज्य सरकार पर रोजगार और महंगाई के मुद्दे पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सरकार अपने कार्यकाल के अंतिम दौर में आंगनबाड़ी सहित विभिन्न सेवाओं से जुड़े कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी की घोषणाएं कर रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि पिछले दस वर्षों में इन कर्मचारियों के मानदेय बढ़ाने की जरूरत क्यों महसूस नहीं की गई।
सपा अध्यक्ष ने दावा किया कि सरकार रोजगार और निवेश को लेकर बड़े-बड़े आंकड़े पेश कर रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति अलग है। उन्होंने रोजगार के अवसरों और आर्थिक स्थिति को लेकर भी सरकार पर सवाल खड़े किए।
चुनावी वादे के जरिए कर्मचारियों पर नजर
आउटसोर्सिंग व्यवस्था खत्म करने का ऐलान चुनाव से पहले महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रदेश में विभिन्न विभागों और सेवाओं में बड़ी संख्या में कर्मचारी आउटसोर्सिंग के माध्यम से काम करते हैं। ऐसे में अखिलेश का यह वादा सीधे तौर पर इन कर्मचारियों और रोजगार की स्थिरता से जुड़े मुद्दे को चुनावी बहस के केंद्र में ला सकता है।
अखिलेश ने कहा कि सरकार बनने पर आउटसोर्सिंग व्यवस्था को समाप्त कर स्थायी रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जाएगा।
सरकार पर लगाए कई गंभीर आरोप
अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर पिछड़े, दलित और आदिवासी वर्गों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने अल्पसंख्यकों से जुड़े मुद्दों पर भी सरकार को घेरा और कहा कि महंगाई लगातार बढ़ रही है।
उन्होंने प्रदेश में विकास कार्यों और निर्माण परियोजनाओं में भ्रष्टाचार के आरोप भी लगाए। अयोध्या के रामवन गमन मार्ग और एक्सप्रेस-वे से जुड़े कार्यों का उल्लेख करते हुए उन्होंने जांच की मांग उठाई। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार राजनीतिक विरोधियों की छवि खराब करने के लिए सत्ता का दुरुपयोग कर रही है। ये आरोप अखिलेश यादव के राजनीतिक दावे हैं।
‘चुनाव की तारीख आते ही जनता फैसला सुना देगी’
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर अखिलेश यादव ने भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि चुनाव की घोषणा होते ही भाजपा हार मान लेगी और चुनाव की तारीख सामने आने पर जनता अपना फैसला सुना देगी।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार चाहे कितना भी पैसा खर्च करे या प्रचार के जरिए अपनी छवि बनाने की कोशिश करे, जनता उसे सत्ता से बाहर कर देगी।
आकाश आनंद को लेकर भी दिया संकेत
पत्रकारों ने जब आकाश आनंद के समाजवादी पार्टी में शामिल होने की संभावना को लेकर सवाल किया तो अखिलेश यादव ने इसे बहुजन समाज पार्टी का अंदरूनी मामला बताया। हालांकि, सवाल के जवाब में उनके हल्के-फुल्के अंदाज में दिए गए बयान ने राजनीतिक चर्चाओं को जरूर हवा दे दी। इसे भविष्य की दलित राजनीति के संदर्भ में देखा जा रहा है।








