अक्टूबर में आ सकता है जियो का आईपीओ, 12 लाख करोड़ पार हो सकती है वैल्यूएशन

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डेस्क : रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स के बहुप्रतीक्षित आईपीओ को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। सूत्रों के मुताबिक जियो प्लेटफॉर्म्स का शेयर बाजार में पदार्पण अक्टूबर 2026 के अंत तक हो सकता है। कंपनी का एंटरप्राइज वैल्यूएशन करीब 143-146 अरब डॉलर यानी 12 लाख करोड़ रुपये से अधिक रहने का अनुमान है। यह आईपीओ भारत का अब तक का सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम बन सकता है।

जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ करीब 3.8 अरब डॉलर यानी लगभग 35-40 हजार करोड़ रुपये का हो सकता है। कंपनी ने जून में आईपीओ के लिए ड्राफ्ट दस्तावेज दाखिल किए थे और भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (SEBI) ने 28 अगस्त को इस पर अंतिम टिप्पणियां जारी कर दी थीं।

12 अक्टूबर से शुरू हो सकती है अगली प्रक्रिया

बैंकिंग सूत्रों के अनुसार, कंपनी अक्टूबर के दूसरे सप्ताह से आईपीओ की अंतिम प्रक्रिया आगे बढ़ा सकती है। विदेशी निवेशकों के लिए अमेरिका, ब्रिटेन, दुबई, हांगकांग और सिंगापुर में रोडशो पूरा किया जा चुका है। अब भारत में भी रोडशो आयोजित किए जाने की संभावना है।

सूत्रों के मुताबिक एंकर निवेशकों के लिए बुक दशहरे से पहले खुल सकती है और आईपीओ दशहरे के बाद, 23 अक्टूबर से पहले बाजार में आ सकता है। इसके बाद अक्टूबर के अंत तक जियो प्लेटफॉर्म्स की शेयर बाजार में लिस्टिंग होने की उम्मीद जताई जा रही है। हालांकि, इन तारीखों की अभी आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।

27 करोड़ नए शेयर जारी होंगे

जियो प्लेटफॉर्म्स के ड्राफ्ट प्रॉस्पेक्टस के अनुसार कंपनी करीब 27 करोड़ नए इक्विटी शेयर जारी करने की योजना बना रही है। यह कंपनी की पोस्ट-इश्यू इक्विटी का लगभग 2.9 प्रतिशत होगा। प्रस्तावित आईपीओ पूरी तरह फ्रेश इश्यू पर आधारित है।

जियो का कारोबार कितना बड़ा?

जियो प्लेटफॉर्म्स के तहत रिलायंस का डिजिटल और टेलीकॉम कारोबार आता है। इसकी प्रमुख कंपनी रिलायंस जियो इंफोकॉम भारत के मोबाइल और फिक्स्ड-लाइन बाजार में अग्रणी है। जून 2026 तक जियो के करीब 50.6 करोड़ मोबाइल ग्राहक थे। कंपनी ने 5G नेटवर्क का भी तेजी से विस्तार किया है।

वित्त वर्ष 2025-26 में जियो प्लेटफॉर्म्स का मुनाफा 15 प्रतिशत बढ़कर 30,053 करोड़ रुपये रहा, जबकि वार्षिक राजस्व 14.5 प्रतिशत बढ़कर 1,46,885 करोड़ रुपये पहुंच गया।

रिलायंस समूह का 2008 के बाद पहला IPO

जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ रिलायंस समूह के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह वर्ष 2008 के बाद रिलायंस समूह की पहली सार्वजनिक पेशकश होगी। साथ ही यह समूह के किसी उपभोक्ता-केंद्रित कारोबार का पहला आईपीओ होगा।

अगर यह आईपीओ तय समय के अनुसार आता है, तो भारतीय शेयर बाजार में इसकी सबसे बड़ी लिस्टिंग में गिनती होगी और देश-दुनिया के निवेशकों की नजर इस पर रहेगी।