डेस्क :पंजाब के अमृतसर में भारत-पाकिस्तान सीमा के पास ड्रोन के जरिए हथियारों की खेप गिराए जाने के मामले की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने जांच तेज कर दी है। जांच में पाकिस्तान और ऑस्ट्रेलिया से जुड़े नेटवर्क के संभावित कनेक्शन सामने आए हैं। एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि हथियारों की खेप किसने भेजी और इसे भारत में किस तक पहुंचाया जाना था।
मामला 16 और 17 जून की दरम्यानी रात का है। भारत-पाकिस्तान सीमा के पास अमृतसर के अजनाला-रामदास क्षेत्र में ड्रोन के जरिए हथियारों की खेप गिराई गई थी। सुरक्षा एजेंसियों को पहले से सूचना मिली थी कि कोई व्यक्ति इस खेप को लेने पहुंचेगा। इसी आधार पर निगरानी की गई और 19 जून को 22 वर्षीय रोहन खोसला को गिरफ्तार किया गया।
उसके कब्जे से एक एके-47 और 25 विदेशी पिस्तौल समेत कुल 26 हथियार बरामद किए गए। इसके अलावा 368 जिंदा कारतूस, 48 मैगजीन और अमेरिका निर्मित बुलेटप्रूफ जैकेट भी मिली। पुलिस ने हथियारों को ले जाने के लिए इस्तेमाल की जा रही कार को भी जब्त किया।
ऑस्ट्रेलिया में बैठे व्यक्ति के निर्देश पर काम करने का दावा
एनआईए की जांच में सामने आया है कि रोहन खोसला कथित तौर पर ऑस्ट्रेलिया में रह रहे एक व्यक्ति के संपर्क में था। जांच के अनुसार, सोशल मीडिया के माध्यम से उसे हथियारों की खेप उठाने की जगह की जानकारी दी गई थी।
पंजाब पुलिस की शुरुआती जांच में दावा किया गया था कि ऑस्ट्रेलिया में रहने वाला यह व्यक्ति पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से जुड़ा हो सकता है। हालांकि, इस कनेक्शन और पूरे नेटवर्क की भूमिका की अंतिम पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
हथियारों की अंतिम मंजिल तलाश रही एजेंसी
पूछताछ में खोसला ने कथित तौर पर पहले भी हथियारों की कुछ खेपें उठाकर आगे पहुंचाने की बात बताई है। अब एनआईए हथियारों के स्रोत, पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए उनकी आपूर्ति, ऑस्ट्रेलिया में मौजूद कथित संचालकों और भारत में सक्रिय स्थानीय संपर्कों के बीच संबंधों की जांच कर रही है।
जांच एजेंसियों को आशंका है कि सीमा पार से हथियार और नशीले पदार्थ पहुंचाने वाले नेटवर्क में आपराधिक गिरोहों और अलगाववादी तत्वों से जुड़े लोग भी शामिल हो सकते हैं। एनआईए इस पूरे नेटवर्क की आगे और पीछे की कड़ियों का पता लगाने के साथ यह भी जांच कर रही है कि हथियारों की खेप आखिर किसे सौंपी जानी थी और इसके पीछे वास्तविक मकसद क्या था।








