स्किनकेयर रूटीन की शुरुआत हमेशा साफ त्वचा से होती है। चेहरे पर जमा धूल, अतिरिक्त तेल और डेड स्किन को हटाए बिना सीरम या मॉइस्चराइजर लगाने से उनका लाभ उतना प्रभावी नहीं मिल पाता। यही वजह है कि फेसवॉश को रोजाना की स्किनकेयर रूटीन का जरूरी हिस्सा माना जाता है।
लेकिन कई बार बाजार में उपलब्ध फेसवॉश त्वचा के लिए बहुत हार्श साबित हो सकते हैं। इन्हें इस्तेमाल करने के बाद त्वचा रूखी, खिंची हुई या बेजान महसूस होने लगती है। ऐसे में कुछ लोग प्राकृतिक विकल्पों की ओर रुख करते हैं। इन्हीं विकल्पों में दही भी शामिल है।
दही में मौजूद लैक्टिक एसिड और अन्य पोषक तत्व त्वचा की सफाई और उसे मुलायम बनाए रखने में मदद कर सकते हैं। हालांकि, इसे हर व्यक्ति के लिए फेसवॉश का स्थायी विकल्प मानना सही नहीं होगा। आइए जानते हैं चेहरे पर दही लगाने के संभावित फायदे, इस्तेमाल का तरीका और किन लोगों को इससे सावधानी बरतनी चाहिए।
डेड स्किन हटाने में मददगार
दही में प्राकृतिक रूप से लैक्टिक एसिड पाया जाता है, जो एक हल्का एक्सफोलिएंट है। यह त्वचा की सतह पर जमा डेड स्किन सेल्स को हटाने में मदद कर सकता है। इसके नियमित और सीमित इस्तेमाल से त्वचा साफ और अपेक्षाकृत अधिक निखरी हुई नजर आ सकती है।
रूखी त्वचा को बना सकता है मुलायम
दही में मौजूद प्रोटीन और फैट त्वचा को मुलायम महसूस कराने में मदद कर सकते हैं। खासकर रूखी त्वचा वाले लोगों को दही लगाने के बाद त्वचा में थोड़ी नमी और सॉफ्टनेस महसूस हो सकती है।
त्वचा को ठंडक का एहसास
ठंडा दही चेहरे पर लगाने से त्वचा को कुछ समय के लिए ठंडक और आराम मिल सकता है। गर्मी या धूप के बाद यह सुखद महसूस हो सकता है। हालांकि, अगर त्वचा पर पहले से जलन, एलर्जी, रैश या ज्यादा लालिमा है, तो दही समेत किसी भी नए उत्पाद को लगाने से पहले सावधानी जरूरी है।
टैनिंग और डलनेस में हो सकती है मदद
धूप के कारण त्वचा का रंग असमान या डल दिखाई देने लगे तो दही में मौजूद लैक्टिक एसिड त्वचा की ऊपरी परत को एक्सफोलिएट करने में मदद कर सकता है। इससे त्वचा कुछ हद तक साफ और ब्राइट दिखाई दे सकती है। हालांकि, दही किसी सनटैन का तुरंत इलाज नहीं है और धूप से बचाव के लिए सनस्क्रीन का इस्तेमाल जरूरी है।
दही में क्या मिलाएं?
त्वचा की जरूरत के अनुसार दही में कुछ चीजें मिलाने का चलन है, लेकिन हर मिश्रण हर त्वचा को सूट करे, यह जरूरी नहीं है।
अगर त्वचा सामान्य से तैलीय है, तो दही में थोड़ा बेसन मिलाकर इस्तेमाल किया जा सकता है। वहीं, केवल प्राकृतिक ग्लो पाने के लिए इसमें हल्दी मिलाने की सलाह दी जाती है। हालांकि, संवेदनशील त्वचा वाले लोगों को ऐसे मिश्रणों से बचना बेहतर है, क्योंकि इनमें मौजूद सामग्री जलन पैदा कर सकती है।
फेस क्लीनिंग के लिए कैसे इस्तेमाल करें?
सबसे पहले चेहरे को सामान्य पानी से गीला करें। अब थोड़ी मात्रा में सादा, ताजा दही लेकर चेहरे पर हल्के हाथों से लगाएं। इसे रगड़ने के बजाय बहुत हल्के हाथों से फैलाएं और कुछ मिनट के लिए छोड़ दें। इसके बाद चेहरे को पानी से अच्छी तरह धो लें और मुलायम तौलिए से थपथपाकर सुखाएं।
दही लगाने के बाद त्वचा रूखी महसूस हो तो हल्का मॉइस्चराइजर लगाया जा सकता है। पहली बार इस्तेमाल करने से पहले त्वचा के छोटे हिस्से पर पैच टेस्ट जरूर करें।
किन लोगों को दही चेहरे पर लगाने से बचना चाहिए?
अगर त्वचा बहुत संवेदनशील है या पहले से मुंहासे, खुजली, रैश, एलर्जी, जलन या ज्यादा लालिमा जैसी समस्या है, तो चेहरे पर दही लगाने से पहले त्वचा विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर है। किसी भी प्राकृतिक सामग्री का मतलब यह नहीं है कि वह हर त्वचा के लिए सुरक्षित ही होगी।
जरूरी बात
दही को कभी-कभार इस्तेमाल किए जाने वाले प्राकृतिक क्लीनिंग या एक्सफोलिएशन विकल्प के तौर पर देखा जा सकता है, लेकिन इसे हर तरह के फेसवॉश का सीधा विकल्प नहीं माना जाना चाहिए। अपनी त्वचा के प्रकार और जरूरत के अनुसार सही क्लीनजर चुनना सबसे बेहतर तरीका है। और दिन के समय सनस्क्रीन लगाना न भूलें—क्योंकि अच्छी स्किनकेयर सिर्फ सफाई से नहीं, बल्कि त्वचा की नियमित देखभाल से बनती है।








