ब्रिक्स के बीच दिखा भारतीय संस्कार, ईरानी राष्ट्रपति ने हिंदू संत के छुए चरण

0

नई दिल्ली :  18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने भारतीय आध्यात्मिक परंपरा के प्रति सम्मान का परिचय दिया। एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने हिंदू धर्मगुरु जगद्गुरु सतीशाचार्य से मुलाकात की और उनके चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया। इस मुलाकात का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है।

कार्यक्रम के दौरान पेजेश्कियन और धर्मगुरु के बीच धर्म, आध्यात्मिकता और मानवता से जुड़े विभिन्न विषयों पर बातचीत हुई। धर्मगुरु ने सनातन परंपरा में मानवता, शांति और सद्भाव के महत्व पर प्रकाश डाला।

ईरानी राष्ट्रपति ने कहा कि धर्म और धार्मिक शिक्षाओं का मूल उद्देश्य मानवता की रक्षा करना, न्याय स्थापित करना और समाज में शांति कायम करना है। उन्होंने आध्यात्मिक मूल्यों को मानव जीवन के लिए महत्वपूर्ण बताया।

कार्यक्रम में धर्म संसद के अध्यक्ष महामंडलेश्वर गोस्वामी सुशील जी महाराज और पतंजलि योग पीठ के आचार्य बालकृष्ण सहित कई प्रमुख संत और आध्यात्मिक हस्तियां मौजूद रहीं।

ब्रिक्स सम्मेलन में भाग लेने भारत पहुंचे पेजेश्कियन ने इस दौरान कई देशों के नेताओं से भी मुलाकात की। पश्चिम एशिया की मौजूदा परिस्थितियों के बीच उनकी विभिन्न नेताओं के साथ बैठकों को कूटनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ईरानी राष्ट्रपति की हिंदू धर्मगुरु से मुलाकात ने भारत की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक परंपरा के प्रति उनके सम्मान को भी रेखांकित किया।