डेस्क : लोकसभा सचिवालय में निदेशक के पद पर कार्यरत 40 वर्षीय गौरव गौतम ने नोएडा स्थित अपने आवास पर खुदकुशी कर ली। पुलिस के अनुसार, घटना रविवार शाम सेक्टर-82 स्थित केंद्रीय विहार सेकेंड की है। घर से करीब 10 पन्नों का एक नोट बरामद हुआ है, जिसमें उन्होंने करीब 70 लाख रुपये के कर्ज का उल्लेख किया है।
गौरव गौतम अपने परिवार के साथ केंद्रीय विहार सेकेंड के पॉकेट-7 में रहते थे। परिवार में उनकी पत्नी भावना मेहता, एक बेटा, पिता पदम सिंह और भाई हैं। घटना के समय परिवार के अन्य सदस्य घर से बाहर थे। बाजार से लौटने के बाद पत्नी ने उन्हें कमरे में पाया और आसपास के लोगों की मदद से अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
10 पन्नों के नोट में कर्ज का जिक्र
पुलिस के मुताबिक, बरामद नोट में गौरव गौतम ने विभिन्न कारणों से करीब 70 लाख रुपये का कर्ज होने और उसे चुकाने में असमर्थता का जिक्र किया है। पुलिस ने बताया कि उन्होंने अपनी मौत के लिए परिवार को जिम्मेदार नहीं ठहराया है।
एडीसीपी स्वतंत्र कुमार सिंह के अनुसार, बरामद नोट की फोरेंसिक जांच कराई जाएगी। जांच के बाद नोट में लिखी बातों और पूरे मामले से जुड़े तथ्यों की पुष्टि की जाएगी।
परिवार को नहीं थी कर्ज की जानकारी
स्थानीय लोगों के अनुसार, गौरव गौतम ने अपने परिवार के सामने आर्थिक परेशानी का जिक्र नहीं किया था। परिजनों को उनके ऊपर इतने बड़े कर्ज की जानकारी होने की बात सामने नहीं आई है।
पुलिस मामले की जांच कर रही है और बरामद दस्तावेज तथा अन्य परिस्थितियों के आधार पर घटना के कारणों की पड़ताल की जा रही है।








